लालू की BJP को इस ‘मुबारकबाद’ पर सियासी गलियारों में छिड़ी जुबानी जंग

0
251

अपने ठिकानों पर इनकम टैक्स विभाग के छापों से बिफरे लालू प्रसाद ने बीजेपी को ‘ गठबंधन के नए सहयोगियों’ की मुबारकबाद क्या दी, सियासी गलियारों में महागठबंधन की सेहत पर कयास शुरू हो गए. सियासी पंडितों ने इस टिप्पणी को नीतीश कुमार के खिलाफ खीझ का नतीजा बताया. लालू के पक्ष और विपक्ष से प्रतिक्रियाओं का तांता लग गया.
लालू की सफाई
मसले को तूल पकड़ता देखकर करीब घंटे भर बाद ही लालू ने ट्वीट के जरिये सफाई दी. उन्होंने लिखा- ‘ज्यादा लार मत टपकाओ. गठबंधन अटूट है. अभी तो समान विचारधारा के और दलों को साथ जोड़ना है. मैं बीजेपी के सरकारी तंत्र और सरकारी सहयोगियों से नहीं डरता.
‘सरकारी एजेंसियों से मोदी का नया गठबंधन’
हालांकि इस मसले पर नीतीश कुमार और शरद यादव जैसे जेडीयू के दिग्गजों की चुप्पी से कई मायने लगाए जा रहे हैं. लेकिन आरजेडी नेता छापों के बाद लालू की लाइन पर ही बयान दे रहे हैं. पार्टी नेता मनोज झा ने कहा कि मोदी का नया गठबंधन दरअसल सीबीआई और इनकम टैक्स विभाग से हुआ है और महागठबंधन अटूट है. पूर्व केंद्रीय मंत्री और लालू के करीबी रघुवंश प्रसाद सिंह ने भी दोहराया कि लालू के बयान का गलत मतलब निकाला गया है और मोदी सरकार अपनी नाकामियां छिपाने के लिए लालू को निशाना बना रही हैं. इसी तर्ज पर आरजेडी नेता शिवानंद तिवारी ने भी बीजेपी पर क्षेत्रीय दलों के खिलाफ अड़चनें पैदा करने का आरोप लगाया. दूसरी ओर, कांग्रेस प्रवक्ता रणदीप सिंह सुरजेवाला ने भी लालू के साथ गठजोड़ को अटूट बताया और इस मामले में सभी कयासों को खारिज किया.
विपक्ष का वार
लेकिन विपक्ष के लिए ये मौका लालू को घेरने का था. आरजेडी सुप्रीमो के परिवार पर पिछले करीब 2 महीने से घोटाले के आरोप लगा रहे बीजेपी नेता सुशील मोदी ने लालू को बेनामी संपत्तियों के कथित गोरखधंधे का मास्टरमाइंड बताया और मुख्यमंत्री नीतीश कुमार से जांच की मांग की. केंद्रीय मंत्री रविशंकर प्रसाद के तंज इससे ज्यादा तीखे थे. उन्होंने कहा कि पूरा देश जानता है जानवरों का चारा किसने खाया. उन्होंने सीएम नीतीश कुमार को उनकी सरकार के बनाए उस कानून की याद दिलाई जिसमें भ्रष्ट अधिकारियों की जायदाद जब्त करने का प्रावधान है. उन्होंने लालू पर भी इसी कानून को लागू करने की मांग की. प्रसाद का कहना था कि नीतीश कुमार में लालू के बेटों को मंत्रिमंडल से हटाने की हिम्मत नहीं है. वहीं, लोक जनशक्ति पार्टी के नेता और केंद्र में मंत्री रामविलास पासवान ने नीतीश से पूछा कि क्या भ्रष्टाचार के मामले में भी महागठबंधन अटूट है? जन अधिकार पार्टी के बाहुबली नेता पप्पू यादव ने भी बिहार के मुख्यमंत्री को लालू की पार्टी से नाता तोड़ने की सलाह दी.

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here