डोकलाम विवाद के दौरान किया था परीक्षण, चीन ने सेना में शामिल किया यह टैंक

0
255

चीन ने अपनी सेना में लाइट बैटल टैंक को शामिल किया है। चीनी सेना ने डोकलाम विवाद के दौरान इस टैंक का तिब्बत में परीक्षण किया था। पहली बार किसी सैन्य प्रदर्शनी में इस टैंक की तस्वीर दिखाई गई है। इस टैंक की खास ताकत 105-एमएम गन है, जो गोले और मिसाइल दोनों ही फायर कर सकती है। चीनी सेना ने इस टैंक की तैनाती की पुष्टि करते हुए कहा है कि पहाड़ी इलाकों में लड़ाई के लिए यह ज्यादा उपयुक्त है।

इस टैंक के नाम और इसके बारे में विस्तृत जानकारी अभी सामने नहीं आई है। यह टैंक तब सुर्खियों में आया, जब पीपुल्स लिबरेशन आर्मी ने जून के महीने में तिब्बत में इसका ट्रायल किया था। पीएलए के प्रवक्ता कर्नल किआन ने कहा था कि यह परीक्षण केवल तिब्बत की जमीन पर इस टैंक की क्षमता परखने के लिए किया जा रहा है। हमारे परीक्षण का कोई और मकसद नहीं है। न ही कोई देश हमारे निशाने पर है।

चीन की हथियार बनाने वाली सबसे बड़ी कंपनी नॉर्थ इंडस्ट्रीज ग्रुप कॉर्प ने इस टैंक का निर्माण किया है। इसका वजन 25 से 35 मीट्रिक टन है। इसके हाइड्रोन्यूमेटिक सस्पेंशंस पहाड़ी इलाकों में इसे ज्यादा रफ्तार और टिकाऊपन देते हैं। विशेषज्ञों के मुताबिक कम तापमान पर भी इस टैंक का इस्तेमाल किया जा सकता है। पीएलए नेशनल डिफेंस यूनिवर्सिटी में अनुसंधानकर्ता गे लाइड ने बताया कि हालांकि यह टैंक वजन में हल्का है, लेकिन इसकी मारक क्षमता बहुत ज्यादा है।

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here