bseb bihar board matric result 2018: बिहार बोर्ड मैट्रिक की कॉपियों की बारकोडिंग में गलती सुधार को बना केन्द्र

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बिहार बोर्ड की मैट्रिक ( bihar board 10th result 2018 ) उत्तर पुस्तिका में बारकोडिंग की गलती सुधारने का काम जारी है। इसके लिए महंत हनुमंत शरण विद्यालय पटना को विशेष केंद्र बनाया गया है। सुधार के लिए विषयवार शिक्षकों की टीम बनायी गयी है। .परीक्षा नियंत्रक ने 25 अप्रैल 2018 को महंत हनुमंत शरण विद्यालय को पत्र जारी किया है। पत्र में बोर्ड ने कहा है कि कुछ उत्तर पुस्तिका बिना मूल्यांकन के ही मूल्यांकन केंद्र से वापस कर दी गईं हैं। अब बारकोड में सुधार कर दोबारा इन उत्तर पुस्तिकाओं की जांच की जानी है ताकि गलती में सुधार कर छात्रों को सही रिजल्ट दिया जा सके। परीक्षा नियंत्रक की ओर से हनुमंत शरण विद्यालय को एक और पत्र जारी किया गया है। पत्र में कहा गया है कि हिंदी विषय की कुल 19 उत्तर पुस्तिकाओं का सही से मूल्यांकन नहीं हुआ है। इनका दोबारा मूल्यांकन किया जाए। इनका बार कोड 10143171 से 18336639 तक है। .मैट्रिक के ऐसे कई विषयों में मामला संज्ञान में आया है। इसके अलावा मिक्स हो गई छात्रों की ओएमआरशीट में भी सुधार किया जा रहा है। बिहार बोर्ड के सूत्रों के अनुसार, छात्रों के रिजल्ट में कोई गड़बड़ी न रह जाए, इसके लिए बोर्ड की पूरी टीम जुटी हुई है। .
एजेंसी से मांगी जा रही प्लाइंग स्लिप.
बोर्ड एजेंसी से अनबारकोडेड प्लाइंग स्लिप की मांग कर रहा है। एजेंसी को इसके लिए नोटिस भी जारी किया गया है। 27 अप्रैल 2018 को बोर्ड ने महिमा एजेंसी को पत्र भेजा है। इसमें महिमा एजेंसी से अनबारकोडेड प्लाइंग स्लिप उपलब्ध नहीं करवाने पर स्पष्टीकरण मांगा गया है। बोर्ड ने इससे पहले 26 अप्रैल को भी महिमा एजेंसी से स्पष्टीकरण मांगा है। .पिछले साल भी हुई थी बारकोडिंग में गड़बड़ी
बार कोडिंग की गड़बड़ी से कई छात्र 2017 में भी परेशान रहे हैं। कई छात्र इसको लेकर हाईकोर्ट तक जा चुके हैं। मैट्रिक 2017 की छात्रा प्रियंका सिंह की उत्तरपुस्तिका भी गलत बारकोड के कारण बदल गई थी। इसका दावा प्रियंका सिंह ने हाईकोर्ट में किया। सुनवाई के बाद हाईकोर्ट ने प्रियंका सिंह के रिजल्ट में सुधार किया। बोर्ड के ऊपर पांच लाख का जुर्माना भी हाईकोर्ट ने लगाया था। प्रियंका सिंह के अलावा कई और छात्र पटना हाई कोर्ट में जा चुके हैं।

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