कर्नाटक: कांग्रेस के श्रीनिवासपुर से विधायक रमेश कुमार चुने गए विधानसभा स्पीकर

0
62

कांग्रेस-जेडीएस गठबंधन के सदन में बहुमत साबित करने से कुछ देर पहले कांग्रेस विधायक केआर रमेश कुमार को सर्वसम्मति के शुक्रवार की सुबह कर्नाटक विधानसभा का स्पीकर चुन लिया गया। रमेश कुमार के स्पीकर चुने जाने के बाद मुख्यमंत्री कुमारस्वामी ने कहा- मैं विपक्षी नेताओं को शुक्रिया कहना चाहता हूं जिन्होंने सर्वसम्मति से स्पीकर का चुनाव किया।कुमारस्वामी के बाद संबोधित करते हुए येदियुरप्पा ने कहा कि उनकी पार्टी ने उम्मीदवार का नोमिनेशन वापस लेने का फैसला लिया है ताकि स्पीकर के पद की मर्यादा बनी रहे। बीजेपी के विधायक एस. सुरेश कुमार ने इससे पहले गुरूवार को स्पीकर पद के लिए नामांकन दाखिल किया था।
कौन हैं रमेश कमार
रमेश कुमार कांग्रेस और जेडीएस के लिए स्वीकार्य हैं क्योंकि वह जनता दल का पूर्व सदस्य रह चुके हैं जिन्होंने 1994 से लेकर 1999 तक विधानसभा में स्पीकर के तौर पर अपनी सेवाएं दी है। रमेश कुमार ने कांग्रेस सदस्य के तौर पर पहला चुनाव 1978 में जीता था उसके बाद वह 1985 में जनता दल में शामिल हो गए थे। साल 2004 में वह दोबारा कांग्रेस में चले गए और उसके बाद से वह लगातार कांग्रेस के साथ बने हुए हैं।कर्नाटक विधानसभा चुनाव में किसी भी पार्टी को स्पष्ट जनादेश नहीं मिलने के बाद कुमारस्वामी के नेतृत्व में कांग्रेस-जेडीएस दोनों एक साथ आयी और राज्य में जरूरी बहुतम के साथ सरकार बनाने का दावा पेश किया। हालांकि, दोनों ही पार्टी किसी तरह का खतरा नहीं लेना चाहती थी लिहाजा शुक्रवार के फ्लोर टेस्स से पहले दोनों ही दलों के विधायक होटल में ठहरे हुए थे। ताकि, उन्हें पिछले दरवाजे से तोड़ने का प्रयास ना किया जाए।एक तरफ जहां कांग्रेस ने अपने विधायकों को दोमलूर के हिल्टन एम्बैसी गोल्फलिंक्स में रखा हुआ था तो वहीं दूसरी तरफ उनकी सहयोगी जेडीएस बेंगलुरू के पास रेज़ॉर्ट में ठहराया था। एक कांग्रेस नेता ने अपनी पहचान ना बताने की शर्त पर पीटीआई से बताया- “हमारे विधायक फ्लोर टेस्ट तक रिजॉर्ट में बने रहेंगे। उसके बाद वह फ्री होकर अपने परिवारवालों से मुलाकात कर सकेंगे।”कांग्रेस के 78 विधायक और कुमारस्वामी के 37 विधायकों के साथ बीएसपी के एक विधायक का कांग्रेस-जेडीएस गठबंधन को समर्थन है। इसके साथ ही, गठबंधन को एक निर्दलीय समेत दो विधायकों का भी समर्थन है। तो वहीं, बीजेपी सबसे बड़ी पार्टी होने के बावजूद 104 तक ही सिमट कर रह गई।

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here