पिस्तौल के बल पर डॉक्टर का अपहरण कर मारपीट की, नकदी समेत हीरे की अंगूठी लूट ले गये

0
36

पत्रकार नगर थाने के केंद्रीय विद्यालय के समीप बीच सड़क पर से अपराधियों ने पिस्तौल का भय दिखाते हुए अंबेदकर डेंटल कॉलेज के डॉक्टर निशांत कुमार को उठा लिया. इसके बाद नशीला पदार्थ सुंघा कर बेहोश कर दिया और सुनसान जगह पर ले गये. जब होश आया, तो अपराधियों ने मारपीट की और उनसे एटीएम का पिन कोड पूछा. इसके बाद उनके एटीएम से 40 हजार रुपये नकद और 49 हजार के मोबाइल फोन की खरीदारी कर ली. उनकी 50 हजार कीमत की हीरे की अंगूठी भी अपराधी अपने साथ ले गये. इसके बाद फिर से डॉक्टर को केंद्रीय विद्यालय के पास अचेतावस्था में छोड़ कर फरार हो गये. अपराधी चालाक थे और उन्होंने डॉक्टर का मोबाइल फोन उनके ही पास छोड़ दिया. घटना एक सितंबर की रात की है.

डॉक्टर को किसी तरह से होश आया, तो घर पहुंचे. लेकिन, उनकी हालत खराब होने के कारण अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहां से वे चार सितंबर को इलाज कराने के बाद वापस घर पहुंचे. इस संबंध में निशांत कुमार के बयान के आधार पर पत्रकार नगर थाने में लूट का मामला दर्ज कर लिया गया है. डॉ निशांत कुमार के पिता डा सरोज कुमार पांडेय सीजीएचएस कंकड़बाग में चीफ मेडिकल ऑफिसर हैं. इसके साथ ही केंद्रीय विद्यालय के आसपास लगे सीसीटीवी कैमरा का वीडियो फुटेज खंगाला जा रहा है. पत्रकार नगर थानाध्यक्ष संजीत कुमार सिन्हा ने बताया कि प्राथमिकी दर्ज कर अनुसंधान किया जा रहा है. जल्द ही अपराधियों को गिरफ्तार कर लिया जायेगा.

डॉक्टर निशांत कुमार का आवास कंकड़बाग कॉलोनी मोड़ पर स्थित नंदन टावर में हैं. वे एक सितंबर को रात आठ बजे पैसे निकालने के लिए एटीएम खोजने के लिए निकले. लेकिन, शालीमार स्वीट्स के पास स्थित एटीएम और अन्य एटीएम में पैसे नहीं थे. वे पैसे निकालने के लिए एटीएम खोजते-खोजते केंद्रीय विद्यालय के समीप स्थित बैंक ऑफ बड़ौदा के एटीएम पहुंचे. डॉ निशांत कुमार ने अपनी लिखित शिकायत में बताया है कि वे स्कूटर से वहां जैसे ही पहुंचे वैसे ही करीब दो अपराधियों ने पीछे से सिर पर गमछा डाल दिया और पिस्टल सटा दिया. इसके बाद उन लोगों से कुछ सुंघा दिया. इस कारण वे अचेत हो गये. इसके बाद वहां से उसे उठा कर लोग बगल में सुनसान जगह पर ले गये, जहां उनके पॉकेट से उन लोगों ने एटीएम कार्ड, पर्स आदि निकाल लिया. वे सभी नकाबपोश थे.

उन लोगों ने एटीएम का पिन कोड पूछने लगे. लेकिन, अर्ध बेहोशी के कारण वे बार-बार अपना एटीएम का पिन कोड भूल जा रहे थे. इस पर वे लोग एटीएम कोड झूठा बताने का आरोप लगा कर तीन-चार बार पिटाई की. इसमें उनकी हालत खराब हो गयी. लेकिन, किसी तरह से उन्होंने एटीएम का पिन कोड उन्हें बताया, तो वह सही निकला. इसके बाद 40 हजार नकद निकाल लिया और 49 हजार की खरीदारी कर ली. इसके बाद वे लोग उसे उठा कर फिर केंद्रीय विद्यालय के पास पहुंचे और जहां मेरी स्कूटर लगी थी, वहीं छोड़ कर फरार हो गये. इसके बाद वे किसी तरह से अपने घर पहुंचे और पूरे मामले की जानकारी दी. अपराधी उनका हीरे की अंगूठी भी अपने साथ ले गये हैं. इस संबंध में पत्रकार नगर पुलिस को उसी दिन जानकारी दे दी गयी थी.

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here