राफेल खरीद में मोदी सरकार ने किया 43000 करोड़ का घोटाला : गोहिल

0
64

लड़ाकू विमान राफेल की खरीद में नरेंद्र मोदी सरकार ने 43000 करोड़ रुपये का घोटाला किया है. यह सीधे तौर पर राष्ट्रीय सुरक्षा से जुड़ा मामला है. इस पर सवाल उठाये जाने और जांच के लिए संयुक्त संसदीय समिति (जेपीसी) का गठन किये जाने से यह सरकार भाग रही है. इसकी जांच कैग (सीएजी) से करायी जानी चाहिए. साथ ही इसका काम सरकार की कंपनी को छोड़कर अनिल अंबानी की कंपनी को क्यों दी गयी?

ये बातें कांग्रेस के बिहार प्रभारी शक्ति सिंह गोहिल ने बुधवार को संवाददाता सम्मेलन में कहीं. गोहिल ने कहा कि यूपीए सरकार में 526.10 करोड़ रुपये में जो राफेल लड़ाकू हवाई जहाज खरीदा जा रहा था, नरेंद्र मोदी सरकार में उसकी कीमत 300 प्रतिशत बढ़कर 1670.70 करोड़ रुपये कैसे हो गयी? बोफोर्स के नाम पर भाजपा ने पूरे देश में मुहिम चलायी, लेकिन बोफोर्स में कुछ नहीं मिला. उच्च न्यायपालिका ने भी कहा कि पूर्व प्रधानमंत्री राजीव गांधी के खिलाफ एक छोटा प्रमाण भी नहीं है.

गोहिल ने कहा कि इस सरकार के चार साल के कार्यकाल में तीन रक्षामंत्री बनाये गये. गोहिल ने कहा कि नरेंद्र मोदी राफेल लड़ाकू विमान खरीद के बारे में नरेंद्र मोदी सरकार के भ्रष्टाचार की जानकारी देने के लिए छह से 15 सितंबर तक देश में अभियान चलायेंगे. बिहार में भी सभी जिला मुख्यालयों पर रैली निकाली जायेगी. आमलोगों को इसकी जानकारी दी जायेगी. वहीं, बिहार कांग्रेस के प्रभारी सचिव अल्पेश ठाकोर बुधवार को पटना पहुंचे. ठाकोर ने कहा कि पार्टी में युवाओं को शामिल कर बिहार में इसे और मजबूत करेंगे.

शक्ति सिंह गोहिल ने शक्ति ऐप लांच किया. उन्होंने बताया कि इस ऐप से पहली बार यह व्यवस्था की जा रही है, कांग्रेस नेतृत्व किसी भी मुद्दे पर आम कार्यकर्ताओं से संवाद कर सकेगा. साथ ही कार्यकर्ताओं को किसी प्रकार की परेशानी होने पर वे भी कांग्रेस नेतृत्व के सामने अपनी बात रख सकेंगे. कांग्रेस नेतृत्व उस पर निगरानी भी रखेगा.

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here