प्रद्युम्न केस में दो बच्चों ने किया खुलासा- हत्या से पहले बाथरूम में कंडक्टर को देखा था

0
1135

रेयान इंटरनेशनल स्कूल के प्रद्युम्न मर्डर केस में धारा 164 के तहत दो बच्चों के बयान दर्ज किए गए हैं. दोनों बच्चों ने मजिस्ट्रेट और एसआईटी टीम के सामने बताया कि उन्होंने कंडक्टर अशोक को घटना के ठीक पहले बाथरूम में देखा था. इस मामले में पुलिस को कुछ और जानकारियां भी मिली हैं.

बच्चों के बयान के मुताबिक उस वक्त स्कूल के टॉयलेट में कुल तीन बच्चे थे. प्रद्युम्न की हत्या से पहले तीनों बच्चों ने कंडक्टर अशोक को टॉयलेट के अंदर देखा था. दरअसल, ये तीनों बच्चे अपनी ताइक्वांडो ड्रेस चेंज करने के लिए वहां गए थे.

बच्चों ने अपने बयान में खुलासा किया है कि उस वक्त एक माली भी टॉयलेट के अंदर था. उसने भी कंडक्टर को टॉयलेट के अंदर देखा था. इसके बाद चारों टॉयलेट के बाहर चले गए थे. इसी बीच मौका पाकर उसी वक्त अशोक ने बच्चे की हत्या कर दी.

आरोरी न्यायिक हिरासत में

बता दें कि आरोपी बस कंडक्टर अशोक को तीन दिन की पुलिस रिमांड के बाद सोहना कोर्ट में पेश किया गया, जहां से उसे 18 सितंबर तक न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया है. सोहना कोर्ट में पेशी के लिए लाए गए आरोपी अशोक पर लोग भड़क गए और पीटने की कोशिशों के बीच काफी हंगामा हुआ. इसी बीच रेयान इंटरनेशनल स्कूल के बस ड्राइवर सौरभ राघव ने चौंकाने वाला खुलासा किया. उसने बताया कि हत्या में इस्तेमाल चाकू टूल किट का हिस्सा नहीं था.

सौरभ ने ‘आज तक’ संवाददाता से बातचीत में बताया कि उसकी बस के टूल किट में चाकू नहीं था. टूल किट में चाकू होने की बात कहने के लिए स्कूल मैनेजमेंट की ओर से दबाव बनाया गया था. सौरभ ने बताया, घटना के बाद उसने अशोक की शर्ट पर खून के निशान देखे थे.

इस बारे में पूछे जाने पर अशोक ने सौरभ से कहा कि वह खून से लथपथ प्रद्युम्न को कार तक लेकर गया था. इसी वजह से उसकी शर्ट पर खून लग गया. सौरभ की मानें तो अशोक से कई बार स्कूल का टॉयलेट इस्तेमाल करने को लेकर मना किया गया था, इसके बावजूद वह उस टॉयलेट में जाता था.

ये है पूरा मामला

बीते शुक्रवार गुरुग्राम के रेयान इंटरनेशनल स्कूल में दूसरी क्लास में पढ़ने वाले 7 साल के मासूम प्रद्युम्न की गला रेतकर बेरहमी से हत्या कर दी गई थी. कत्ल का इल्जाम स्कूल बस के कंडक्टर अशोक पर लगा. पुलिस पूछताछ में अशोक ने अपना जुर्म कबूल कर लिया. अशोक ने पुलिस को बताया कि उसने प्रद्युम्न के साथ कुकर्म करने की कोशिश की थी. नाकाम होने पर पकड़े जाने के डर से उसने प्रद्युम्न की गला रेतकर हत्या कर दी.

इसके बाद प्रद्युम्न के माता-पिता समेत दर्जनों अभिभावकों ने मासूम की मौत के बाद इंसाफ के लिए प्रदर्शन किया. स्कूल के पास स्थित शराब की दुकान को आग के हवाले कर दिया गया. भीड़ को काबू में करने के लिए पुलिस को लाठीचार्ज करना पड़ा, इसमें पत्रकारों समेत कई लोग घायल हुए थे. प्रद्युम्न के माता-पिता ने इस केस की जांच CBI से कराने की मांग की है.

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

This site uses Akismet to reduce spam. Learn how your comment data is processed.