खुलासा: हीरा व्यापार के जरिये 20 हजार करोड़ का कालाधन सफेद

0
595

पीएनबी को हजारों करोड़ की चपत लगाने वाले नीरव मोदी और मेहुल चोकसी ने हीरा व्यापार के जरिये 20 हजार करोड़ का कालाधन सफेद किया है। इस आशंका के मद्देनजर आयकर विभाग छानबीन कर रहा है। विभाग के मुताबिक धनशोधन का यह काम 300 मुखौटा कंपनियों के जरिये किया गया। अब इन कंपनियों की पहचान कर छापेमारी की जा रही है। वित्तीय खुफिया यूनिट (एफआईयू) विभाग को सूचनाएं मुहैया कर रही है।
विभाग के एक अधिकारी ने बताया कि इनमें से तमाम ऐसी कंपनियां है, जिनमें मालिक के नाम और पता फर्जी हैं। कई कंपनियां नीरव के रिश्तेदारों और मित्रों के नाम हैं। प्रवर्तन निदेशालय जांच कर रहा है।
PNB: बीएसई को दिया भरोसा, सभी देनदारियां पूरी करने में सक्षम है बैंक
13मुखौटा कंपनियों के खिलाफ ईडी ने अब तक कार्रवाई भी की है
29संपत्तियों को आयकर विभाग ने जब्त किया है कर चोरी के मामले में
विदेश में खपाया कालाधन
कई ऐसी कंपनियां है जिन्होंने हीरा व्यापार की आड़ में विदेश में कालाधन जमा किया है, जिसकी जांच आयकर विभाग के अधिकारी कर रहे हैं।
शेयर-गाडियां सीज
पीएनबी घोटाले में ईडी ने गुरुवार को नीरव मोदी और मेहुल चोकसी के 94.52 करोड़ के म्यूच्युअल फंड्स और शेयर फ्रीज कर दिए। नीरव की नौ लग्जरी कारें भी कब्जे में ले ली है। इनमें एक रॉल्स रॉयस घोस्ट,एक मर्सिडीज बेंज, एक पोर्शे पनामेरा, तीन होंडा की कारें, एक टोयोटा फॉच्र्यूनर और एक इनोवा शामिल हैं।
1200 करोड़ की संपत्ति जब्त
आयकर विभाग ने गुरुवार को हैदराबाद में गीतांजली समूह के प्रमोटर मेहुल चोकसी की 1200 करोड़ रुपये की एसईजेड में स्थित संपत्ति जब्त की।
नीरव मोदी का पेशी से इन्कार, कहा-फुर्सत नहीं
प्रवर्तन निदेशालय के एक अधिकारी ने बताया कि नीरव ने निदेशालय के सामने पेश होने में असमर्थता जताई। उन्होंने बताया कि नीरव को नया समन जारी कर पूछताछ के लिए बुलाया गया है। ईडी ने बैंक फ्रॉड मामले में पूछताछ के लिए नीरव मोदी को समन जारी किया था, लेकिन उसने आने से इनकार कर दिया। नीरव मोदी ने ईमेल कर ईडी के समक्ष आने से मना कर दिया। उसने ईमेल में लिखा है कि वह विदेश में है और अभी काफी व्यस्त है, लिहाजा वह ईडी के समन पर पेश नहीं हो पाएगा। नीरव मोदी ने ईडी के सामने पेश होने के लिए मोहलत तक नहीं मांगी है। याद दिला दें कि हीरा कारोबारी नीरव मोदी पर पीएनबी को 11000 करोड़ से ज्यादा की चपत लगाने का आरोप है।

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

This site uses Akismet to reduce spam. Learn how your comment data is processed.