पेट्रोलियम मंत्री बोले- पेट्रोल, डीज़ल को GST में लाना जरूरी

0
658

पेट्रोल-डीज़ल की रोजाना आसमान को छूती कीमतों से आम आदमी को जेब पर बोझ बढ़ता जा रहा है. इसीलिए एक बार फिर इसे गुड्स ऐंड सर्विसेज टैक्स (जीएसटी) में लाने की मांग तेज़ होने लगी है. केंद्रीय पेट्रोलियम एवं प्राकृतिक गैस मंत्री धर्मेंद्र प्रधान ने कहा कि देश में ईंधन कीमतों में बढ़ोतरी अंतरराष्ट्रीय कारकों से हो रही है और अब यह जरूरी हो गया है कि पेट्रोल और डीजल को जीएसटी के तहत लाया जाए.

धर्मेंद्र प्रधान ने एक कार्यक्रम के मौके पर शुक्रवार को संवाददाताओं से कहा कि ईंधन कीमतों में जो असामान्य वृद्धि हो रही है, वह अंतरराष्ट्रीय स्तर पर राजनीतिक और आर्थिक स्थिति की वजह से है. केंद्र इसको लेकर सतर्क है.

कब सस्ता होगा पेट्रोल-डीजल- ईंधन कीमतों में कटौती के प्रयासों के बारे में पूछे जाने पर प्रधान ने कहा कि कोई सिर्फ उत्पाद शुल्क घटाकर इस मुद्दे का प्रभावी तरीके से हल नहीं कर सकता. उन्होंने कहा कि ईरान, वेनेजुएला और तुर्की जैसे देशों में राजनीतिक स्थिति की वजह से कच्चे तेल का उत्पादन प्रभावित हुआ है. पेट्रोलियम निर्यातक देशों का संगठन ओपेक भी कच्चे तेल का उत्पादन नहीं बढ़ा पाया है, जबकि उसने इसका वादा किया था. (ये भी पढ़ें-LIC की इस पॉलिसी में सिर्फ 103 रुपये रोजाना बचाकर मिल जाएंगे 13 लाख)

पेट्रोल और डीजल को GST में लाया जाए- धर्मेंद्र प्रधान ने कहा, अब यह जरूरी हो गया है कि पेट्रोल और डीजल को जीएसटी के तहत लाया जाए. दोनों अभी जीएसटी में नहीं हैं जिससे देश को करीब 15,000 करोड़ रुपये का नुकसान उठाना पड़ रहा है. अगर पेट्रोल, डीजल को जीएसटी के तहत लाया जाता है तो यह उपभोक्ताओं सहित सभी के हित में होगा.

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

This site uses Akismet to reduce spam. Learn how your comment data is processed.