नई दिल्ली, देश के सबसे बड़े सरकारी बैंक स्टेट बैंक ऑफ इंडिया (एसबीआई) ने एक खास स्कीम की पेशकश की है जिसमें आप सोने को फिक्स्ड डिपॉजिट की तरह जमा करा सकते हैं। R-GDS या रिवैम्प्ड गोल्ड डिपॉजिट स्कीम (आर-जीडीएस) के अंतर्गत ग्राहक अपने सोनों को जमा करवाकर इस पर ब्याज हासिल कर सकते हैं। यह जानकारी एसबीआई की आधिकारिक वेबसाइट पर दर्ज है।

कौन कर सकता है इस योजना में निवेश: एसबीआई की आधिकारिक वेबसाइट के मुताबिक भारतीय नागरिक, प्रोपराइटरशिप और पार्टनर शिप फर्म, हिंदू अनडिवाइडेड फैमिली (एचयूएफ), सेबी के अंतर्गत रजिस्टर्ड म्यूचुअल फंड/एक्सचेंज ट्रेड फंड एवं ट्रस्ट और कंपनियां स्टेट बैंक ऑफ इंडिया के आर-जीडीएस में निवेश कर सकती हैं।

न्यूनतम निवेश: बैंक के मुताबिक एक व्यक्ति न्यूनतम 30 ग्राम सोने का निवेश एसबीआई की आर-जीडीएस स्कीम में कर सकता है। हालांकि इसमें निवेश की कोई अधिकतम सीमा नहीं है। इस योजना के अंतर्गत सोने को गोल्ड बार, क्वाइन और ऐसे गहनों के रूप में स्वीकार किया जा सकता है जिस पर कोई पत्थर या अन्य मेटल न लगा हो। इस योजना के अंतर्गत तीन तरह के खाते खोले जा सकते है।शॉर्ट टर्म बैंक डिपॉजिट (STBD): एक से तीन साल के लिए

मीडियम टर्म गवर्नमेंट डिपॉजिट (MTGD): 5 से 7 साल के लिए
लॉन्ग टर्म गवर्नमेंट डिपॉजिट (LTGD): 12 से 15 साल के लिए

शॉर्ट टर्म बैंक डिपॉजिट (STBD)

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1 साल के लिए जमा पर 0.50 फीसद सालाना ब्याज
1 से 2 साल के लिए जमा पर 0.55 फीसद सालाना ब्याज
2 साल से 3 साल के जमा पर 0.60 फीसद का ब्याज
मीडियम टर्म गर्वनमेंट डिपॉजिट (MTGD) पर 2.25 फीसद का सालाना ब्याज

लॉन्ग टर्म गवर्नमेंट डिपॉजिट (LTGD) पर 2.50 फीसद का सालाना ब्याज

योजना का मकसद?

इस योजना का मकसद देशभर में बेकार पड़े सोने को सही इस्तेमाल में लाना है। इसके जरिए ग्राहक घर में बेकार पड़े अपने सोने को जमा कराकर उस पर बेहतर ब्याज पा सकते हैं।

एसबीआई की किन शाखाओं में जमा करा सकते हैं सोना: एसबीआई की दिल्ली में पीबी ब्रांच, एसएमई ब्रांच चांदनी चौक, कोयम्बटूर ब्रांच, हैदराबाद की मेन ब्रांच, बैंगलोर मेन ब्रांच, मुंबई की बुलियन ब्रांच में एसबीआई की इस सेवा का फायदा उठाया जा सकता है।

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