यूपी: दिलचस्प हुई रामपुर उपचुनाव की लड़ाई, आजम का किला ढहाने की कोशिश में है बीजेपी

0
120

रामपुर: उत्तर प्रदेश में 11 विधानसभा सीटों पर उपचुनाव होना है. इन उपचुनावों में सबसे दिलचस्प सीट रामपुर की है. इस चुनाव में बीजेपी आजम खान का किला ढहाने की पुरजोर कोशिश कर रही है. इस सीट पर समाजवादी पार्टी ने आजम खान की पत्नि ताज़ीन फातिमा को चुनाव मैदान में उतारा है. ताज़ीन फातिमा को बीजेपी की ओर से भारत भूषण गुप्ता टक्कर दे रहे हैं. लेकिन ये लड़ाई भारत भूषण और ताज़ीन फातिमा के बीच नहीं बल्कि आजम खान और बीजेपी के बीच है. दोनों के लिए ही ये नाक की लड़ाई है.

मेरा 22 किलो वजन घट गया है- रैली में भावुक आजम

आजम खान के खिलाफ इस साल अप्रैल से अबतक 75 से ज्यादा मामले दर्ज हुए हैं. इन मामलों को लेकर आजम खान का दर्द भी बाहर आ गया है. पत्नी के लिए चुनाव प्रचार कर रहे आजम खान अपने ऊपर हो रही कार्रवाई को लेकर एक रैली में भावुक हो गए. उन्होंने कहा, ‘’मुझे इतना बता दो कि आखिर मेरी खता क्या है, मुझे इंसाफ दो.’’ आजम ने तंज भरे लहजे में कहा, ‘’मेरे ऊपर खुशियों का ऐसा पहाड़ टूटा है कि मेरा 22 किलो वजन घट गया है.’’

आजम खान रामपुर से ही चुनाव जीतकर लोकसभा पहुंचे हैं. साल 1980 के बाद से रामपुर की सीट से आजम नौ बार सांसद रहे हैं. इस दौरान उनको केवल एक बार साल 1996 में हार का सामना करना पड़ा. उन्हें कांग्रेस के फिरोज़ अली खान ने हरा दिया था.

रामपुर जीतने के लिए कुछ भी करेंगे आजम- सपा नेता

अंग्रेजी अखबार इंडियन एक्सप्रेस से आजम खान के करीबी और समाजवादी पार्टी के एक नेता ने कहा है, ‘’यह सीट उनके किले की तरह है. वह इस सीट को जीतकर यह साबित करना चाहेंगे की यहां की जनता अभी भी उनके समर्थन में है. आजम खान को रामपुर के कारण जाना जाता है. वह इसे जीतने के लिए कुछ भी करेंगे. यही कारण है कि उन्होंने अपनी पत्नी को मैदान में उतारा है.’’

बता दें कि रामपुर में मुस्लिम मतदाताओं की संख्या करीब 60 फीसदी है. बाकी यहां ब्राहम्ण, लोधी और जाटव के भी काफी वोट हैं. साल 2017 के विधानसभा चुनाव में आजम खान को जीत मिली थी. तब उन्हें 47.74 फीसदी वोट मिले थे. वहीं, बीजेपी के शिव बहादुर सक्सेना को 28.84 और मायावती की बहुजन समाज पार्टी के उम्मीदवार तनवीर अहमद को 25.36 फीसदी वोट मिले थे. साल 2007 और 2012 में आज़म के वोट शेयर में लगभग 55 प्रतिशत की वृद्धि हुई.

राज्यसभा की सांसद हैं आजम की पत्नी फाज़ीन फातिमा

आजम खान के लोकसभा जाने के बाद रामपुर में उपचुनाव हो रहा है. आजम की पत्नी और रामपुर उपचुनाव में उम्मीदवार ताज़ीन  फातिमा वर्तमान में उत्तर प्रदेश से ही राज्यसभा की सांसद हैं. राज्यसभा में उनका कार्यकाल अगले साल नवंबर तक है. अगर फातिमा रामपुर से चुनाव जीत जाती हैं तो वह राज्यसभा से इस्तीफा दे देंगी. उपचुनाव के लिए 21 अक्टूबर को वोटिंग होगी, जबकि रिजल्ट 24 अक्टूबर को आएंगे.

रामपुर में बीजेपी उम्मीदवार भारत भूषण गुप्ता ने साल 2013 में बीएसपी के टिकट पर चुनाव लड़ा था. लेकिन वह तीसरे नंबर पर रहे थे और उन्हें 9.57 फीसदी ही वोट मिले थे. इसके बाद उन्होंने बीएसपी छोड़कर बीजेपी का दामन थाम लिया. उन्होंने साल 2012 में जिला पंचायत का चुनाव भी लड़ा था.

रामपुर में कांग्रेस ने अरशद अली खान उर्फ़ गुड्डू को टिकट दिया है. जो पेशे से वकील हैं. वहीं बीएसपी ने ज़ुबैर मसूद खान को टिकट दिया है.

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

This site uses Akismet to reduce spam. Learn how your comment data is processed.