वीजा सस्पेंड होने के कारण 8 टीम के 60 विदेशी खिलाड़ी भारत नहीं आ सकेंगे, 14 मार्च को गवर्निंग बॉडी करेगी लीग पर फैसला

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खेल डेस्क. कोरोनावायरस का असर 29 मार्च से शुरू हो रहे आईपीएल (इंडियन प्रीमियर लीग) पर भी पड़ना तय है। केंद्र सरकार ने विदेश से आने वाले लोगों पर रोक लगा दी है। 13 मार्च से 15 अप्रैल तक के लिए सभी वीजा रद्द कर दिए गए हैं। सिर्फ डिप्लोमैटिक और एमप्लाॅयमेंट वीजा को ही मंजूरी दी गई है। खिलाड़ियों को बिजनेस वीजा मिलता है। ऐसे में उन्हें भी देश में आने की अनुमति नहीं होगी। आईपीएल के 8 टीमों में कुल 60 विदेशी खिलाड़ी हैं। इनमें से कोई भी अब 15 अप्रैल तक भारत नहीं आ पाएगा। ताजा स्थिति के मद्देनजर 14 मार्च, शनिवार को आईपीएल गवर्निंग बॉडी की मीटिंग होनी है। इसमें लीग पर फैसला लिया जाएगा।  
आईपीएल रद्द करने की मांग को लेकर एक याचिका सुप्रीम कोर्ट तो दूसरी मद्रास हाईकोर्ट में दायर की गई हैं। सुप्रीम कोर्ट ने गुरुवार को इस पर फौरन सुनवाई की मांग खारिज कर दी। वहीं, मद्रास हाईकोर्ट ने बीसीसीआई से 23 मार्च तक जवाब मांगा है।

आईपीएल में 60 विदेशी खिलाड़ी
आईपीएल के 8 टीम में 189 खिलाड़ी हैं। इनमें 60 विदेशी खिलाड़ी हैं। आईपीएल 29 मार्च से 24 मई खेली जानी है। हालांकि इससे पहले बीसीसीआई प्रेसिडेंट सौरव गांगुली कह चुके हैं कि आईपीएल शेड्यूल के मुताबिक ही होगा। जरूरत पड़ी तो हेल्थ एडवाइजरी जारी की जा सकती है। दूसरी तरफ, महाराष्ट्र के हेल्थ मिनिस्टर ने इसे टालने की सिफारिश की थी। बीसीसीआई की दिक्कत केंद्र सरकार के वीजा संबंधित नए नियमों से बढ़ गई।

हम सरकार के खिलाफ नहीं जा सकते- सुपरकिंग्स
चेन्नई सुपर किंग्स के सीईओ विश्वनाथन ने कहा है कि ‘आईपीएल में विदेशी खिलाड़ी बिजनेस वीजा पर आते हैं। उनके लिए तब तक आईपीएल से जुड़ना असंभव है जब तक, बीसीसीआई उन्हें विशेष अनुमति न दिलवाए। हम सरकार के खिलाफ नहीं जा सकते।’

अब क्या हो सकता है
1. सरकार ने आईपीएल बॉडी को साफ कहा है कि अगर उन्हें टूर्नामेंट करवाना है तो वे स्टेडियम में बिना दर्शकों के मैच करवाने होंगे। आईपीएल की सभी फ्रेंचाइजी इसके लिए तैयार हैं। लेकिन वह चाहती हैं कि विदेशी खिलाड़ियों को आने की अनुमति दे दी जाए।
2. विदेशी खिलाड़ी बिजनेस वीजा पर भारत आते हैं। सरकार ने इस पर 15 अप्रैल तक रोक लगाई है। ऐसे में अगर विदेशी खिलाड़ियों को तय समय पर आईपीएल में शामिल करवाना है तो बीसीसीआई को सरकार से विशेष अनुमति लेनी होगी।
3. आईपीएल तय समय पर शुरू होते हैं तो सभी फ्रेंचाइजी उपलब्ध विदेशी खिलाड़ियों के साथ टूर्नामेंट में उतरें। द. अफ्रीका की टीम फिलहाल भारत दौरे पर है। उनके 4 खिलाड़ी अलग-अलग फ्रेंचाइजियों से जुड़े हुए हैं। कुछ विदेशी खिलाड़ी प्रैक्टिस सेशन के लिए भारत आ चुके हैं।
4. 15 अप्रैल तक वीजा पर प्रतिबंध हैं। इस समयसीमा तक कोरोना ज्यादा फैल जाता है तो सरकार प्रतिबंध और आगे बढ़ा सकती है। ऐसे में आईपीएल फ्रेंचाइजियों को देश में उपलब्ध खिलाड़ियों के साथ ही पूरा टूर्नामेंट खेलना होगा।

14 मार्च को गवर्निंग काउंसिल मीटिंग
सौरव गांगुली ने भले ही आईपीएल तय वक्त पर कराने का भरोसा दिलाया रहे हों, लेकिन अब यह मुश्किल लग रहा है। 15 मार्च तक विदेशी खिलाड़ी नहीं आ सकेंगे। सनराईजर्स हैदराबाद का तो कप्तान ही विदेशी है। केन विलियम्सन के बिना हैदराबाद को दिक्कत होना स्वाभाविक है। खेल मंत्रालय ने भी कह दिया है कि सभी खेल संस्थानों को हेल्थ मिनिस्ट्री की एडवाइजरी माननी होगी। एक विकल्प बिना दर्शकों के मैच कराने का था लेकिन विदेशी खिलाड़ियों के बिना वो भी मुमकिन नहीं लगता। रोड सेफ्टी लीजेंड्स टी-20 में भी दर्शकों के आने पर रोक लगा दी गई है। अब नजरें 14 मार्च को होने वाली आईपीएल गवर्निंग काउंसिल की मीटिंग पर हैं। माना जा रहा है कि इस बैठक में आईपीएल पर अहम और अंतिम फैसला लिया जा सकता है। 

वर्ल्ड और एशिया इलेवन के मैच टले

बांग्लादेश क्रिकेट बोर्ड ने 21-22 मार्च को ढाका में होने वाले वर्ल्ड और एशिया इलेवन के मैच टाल दिए हैं। बोर्ड ने बताया कि यह फैसला कोरोनावायरस के बढ़ते संक्रमण के कारण्ल या गया है। मैचों की अगली तारीख के बारे में फिलहाल जानकारी नहीं दी गई है। वर्ल्ड और एशिया इलेवन के बीच दो मैचों का आयोजन बांग्लादेश के लिए खास था। यह मैच बांग्लादेश के राष्ट्रपिता कहे जाने वाले शेख मुजीबुर्रहमान की जन्म शताब्दी के अवसर पर आयोजित किए जाने थे। विराट कोहली, लसिथ मलिंगा और क्रिस गेल समेत दुनिया के तमाम नामी खिलाड़ी इन दो मैचों में नजर आते। दोनों मैच ढाका में होने थे। के मुताबिक, फिलहाल यह टूर्नामेंट नहीं होगा। अगली तारीखों की जानकारी बाद में दी जाएगी।

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