बिहार में आने वाली है सरकारी नौकरियों की बहार, 2 लाख वैकेंसी भरने की तैयारी में नीतीश सरकार, देखें डिटेल

0
38

बिहार विधानसभा चुनाव (Bihar Assembly Elections) के दौरान रोजगार एक बड़ा मुद्दा बना था. महागठबंधन की ओर से सीएम कैंडिडेट तेजस्वी यादव (Tejaswi Yadav) ने 10 लाख सरकारी नौकरी का वादा किया तो युवाओं ने उन्हें जमकर समर्थन दिया. हालांकि, महागठबंधन (Mahagathbandhan) की सरकार बिहार में नहीं बन पाई, लेकिन रोजगार के मुद्दे पर नई सरकार भी एक्शन मोड में आ गई है. नए वर्ष में बिहार में बड़ी संख्या में युवाओं को सरकारी नौकरी मिलने की संभावना है. मिली जानकारी के अनुसार, यह संख्या 2 लाख के आसपास होगी. इसमें सहायक प्राध्यापक, शिक्षक, बिहार प्रशासनिक सेवा के अधिकारी, जूनियर इंजीनियर, दारोगा, सिपाही समेत दर्जनों पद शामिल हैं.

बिहार सरकार में वर्ष 2021 में बड़ी संख्या में स्थाई नियुक्ति की संभावना है. इसके लिए बहाली की प्रक्रिया जारी है. कुछ ही महीनों में इसके पूरा होने की संभावना है. इसके तहत शिक्षा विभाग में 4600 से ज्यादा सहायक प्राध्यापक और स्वास्थ्य विभाग में 3270 आयुष चिकित्सक के अलावा 1600 से अधिक इंटरस्तरीय पद, 1050 कनीय अभियंता, 271 न्यायिक सेवा के पदाधिकारी और बिहार लोक सेवा आयोग द्वारा लिए जानेवाले संयुक्त प्रवेश प्रतियोगिता परीक्षा के आधार पर मिलनेवाली सैकड़ों नौकरियां शामिल हैं. इंजीनिर्यंरग और पॉलिटेक्निक कॉलेज में करीब 3000 शिक्षक के पद भी हैं.

इन विभागों में भी लंबित हैं नियुक्तियां

गौरतलब है कि बिहार पुलिस में ही 27 हजार से ज्यादा पदों पर बहाली की प्रक्रिया जारी है. इसमें दारोगा, सार्जेंट, एएसआई (स्टेनो), सिपाही और चालक सिपाही के पद शामिल हैं. इसके अलावा कारा विभाग के अधीन सहायक जेल अधीक्षक, होमगार्ड में चालक सिपाही और सिपाही, पर्यावरण, वन एवं जलवायु परिवर्तन विभाग के अधीन वनों के क्षेत्र पदाधिकारी व वनपाल, परिवहन विभाग के अधीन प्रवर्तन अवर निरीक्षक व चलंत दस्ता सिपाही के पद पर बहाली शामिल है.

कांट्रैक्ट वाले पदों पर भी होगी बहाली
मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार, स्थाई नौकरियों के अलावा संविदा आधारित विभिन्न पदों पर भी बड़ी संख्या में बहाली होनी है. इनमें इंजीनियरिंग और पॉलिटेक्निक कॉलेज में 5000 हजार गैर शैक्षणिक पद, 589 अंकेक्षक, 477 प्रखंड पंचायत राज पदाधिकारी के अलावा इसी विभाग में लेखापाल, तकनीकी सहायक और विशेषज्ञों के करीब 2000 पद शामिल हैं. इसके अलावा जिला, प्रमंडलीय और विभागों में भी बड़े पैमाने पर संविदा या स्थाई नौकरी के लिए नियुक्ति का विज्ञापन जारी किया जा सकता है. हालांकि, इसकी संख्या अभी तय नहीं है. विभागों से ब्योरा मिलने के बाद इसपर निर्णय लिए जाने की संभावना है.

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

This site uses Akismet to reduce spam. Learn how your comment data is processed.